
जयपुर में चिकित्सा क्रांति : एमजीएम हेल्थकेयर और PHCC ने लॉन्च किया राजस्थान का पहला ‘हार्ट एंड लंग फेलियर क्लीनिक’

जयपुर : राजस्थान की चिकित्सा सुविधाओं में आज एक स्वर्णिम अध्याय जुड़ा है। चेन्नई के सुप्रसिद्ध एमजीएम (MGM) हेल्थकेयर ने जयपुर के प्रियंका हॉस्पिटल एंड कार्डिएक सेंटर (PHCC) के साथ मिलकर राज्य के पहले समर्पित ‘हार्ट एंड लंग फेलियर क्लीनिक’ की शुरुआत की है।

सुप्रसिद्ध हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ जी एल शर्मा ने कहा इस क्लीनिक का मुख्य उद्देश्य गंभीर हृदय और फेफड़ों की बीमारियों से जूझ रहे मरीजों को विश्वस्तरीय उपचार उपलब्ध कराना है।
मंच से उठी मदद की गूंज : देवनानी और शाज़िया इल्मी ने किया आह्वान
कार्यक्रम का कुशल संचालन डॉ. मनीष मुंजाल ने किया। उन्होंने दो साल पूर्व शुरू हुए PHCC के सफर और हार्ट-लंग ट्रांसप्लांट की चुनौतियों पर प्रकाश डाला। मुख्य अतिथि विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी का ध्यान आकर्षित करते हुए मांग की गई कि गरीब मरीजों के ट्रांसप्लांट के लिए सरकार की ओर से विशेष अनुदान सुनिश्चित किया जाए।
भाजपा की राष्ट्रीय प्रवक्ता शाज़िया इल्मी ने अंगदान (Organ Donation) के प्रति भावुक अपील करते हुए कहा, “ब्रेन डेड मरीज के परिजनों को जागरूक करना होगा। यदि मरकर भी आप किसी के काम आ सकें, तो आप वास्तव में जीवित हैं।”
डॉक्टर ‘भगवान का रूप’: विधायक बहादुर सिंह कोली का अनुभव
समारोह में विधायक बहादुर सिंह कोली ने डॉक्टरों को ‘भगवान का दूसरा रूप’ बताते हुए अपना अनुभव साझा किया। उन्होंने बताया कि 2005 में आए हार्ट अटैक के बाद डॉ. जी. एल. शर्मा ने उनका सफल इलाज किया था। वहीं, डॉ. अशोक गर्ग ने चिकित्सा की बारीकियों पर चर्चा करते हुए स्टेंट और हृदय रोगों के आधुनिक प्रबंधन पर बात की।
75 वर्ष की उम्र में नई जिंदगी : राम रावत की कहानी
कार्यक्रम का सबसे प्रेरणादायक क्षण वह था जब 75 वर्षीय राम रावत मंच पर आए। 5 साल पहले हार्ट ट्रांसप्लांट कराने वाले रावत ने बताया, “मैं आज पूरी तरह स्वस्थ हूँ, स्वयं गाड़ी चलाकर यहाँ आया हूँ और हाल ही में 4000 किमी ड्राइव की है।” यह उदाहरण उन मरीजों के लिए एक नई उम्मीद है जो ट्रांसप्लांट से डरते हैं।
800+ ट्रांसप्लांट का कीर्तिमान और विशेषज्ञों की राय
एमजीएम हेल्थकेयर के चेयरमैन और विख्यात सर्जन डॉ. के. आर. बालकृष्णन ने बताया कि उनका संस्थान अब तक 800 से अधिक सफल ट्रांसप्लांट कर चुका है। उन्होंने ECMO और LVAD जैसी तकनीकों को ‘संजीवनी’ बताया।
विधानसभा स्पीकर वासुदेव देवनानी ने प्रियंका हॉस्पिटल के इस गठबंधन को राजस्थान के लिए बड़ी उपलब्धि बताया। उन्होंने बढ़ते हृदय रोगों पर चिंता जताते हुए कहा कि सरकार ने सीपीआर (CPR) को बढ़ावा देने का अभियान चलाया है। उन्होंने जनता को संदेश दिया :
भयमुक्त जीवन जिएं : चिंता और तनाव से दूर रहें।
जीवनशैली : सही आहार लें और योग-व्यायाम को जीवन में स्थान दें।
संदेश : प्रियंका हॉस्पिटल के साथ यह साझेदारी जयपुर और आसपास के क्षेत्रों के मरीजों के लिए वरदान साबित होगी। अब गंभीर हृदय रोगियों को इलाज के लिए दूसरे राज्यों के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे।
सम्पर्क सूत्र डॉ जी एल शर्मा मो 9829011567



