विशेष
चिकित्सा के क्षेत्र में हो रहे है न्यू एडवांस
धर्म-समाज-संस्था

एसएमएस हॉस्पिटल का न्यूरोलॉजी विभाग बना आदर्श और आधुनिक विभाग 

एसएमएस हॉस्पिटल का न्यूरोलॉजी विभाग बना आदर्श और आधुनिक विभाग 

एसएमएस हॉस्पिटल का न्यूरोलॉजी विभाग को आदर्श और आधुनिक विभाग बनने में डॉक्टर ने और डॉक्टर के परिवारों ने अपना तन मन धन से सहयोग दिया।

उन्होंने एसएमएस के न्यूरोलॉजी विभाग में आधुनिक सुविधायुक्त विभाग, ‘डिजीटल स्मार्ट क्लास रूम’ बनाया गया है।

प्रदेश में सरकारी स्तर पर यह पहली मिसाल है। जहां पर डॉक्टर किसी भी गंभीर व जटिल बीमारी के लिए एम्स दिल्ली, एसजीपीजीआई लखनऊ, पीजीआई चंडीगढ़, सीएमसी वेल्लोर और राष्ट्रीय स्तर के संस्थानों के डॉक्टरों से चर्चा कर सकेंगे।

पद्मश्री और डॉ.बीसी. रॉय अवार्डी डॉ. अशोक पानगड़िया की स्मृत्ति में उनकी पत्नी मीना पानगड़िया व उनके पुत्र अरिहंत पानगड़िया ने दो डिजिटल क्लास रूम का निर्माण करवाया है। न्यूरोलॉजी विभाग में 13 फैकल्टी, 28 रेजिडेंट, 09 टेक्नीशियन और 8 वार्ड बॉय है

पूर्व में और वर्तमान में सरकारी अस्पतालों में प्रवेश करते ही भीड़ के साथ धक्का मुक्की, गंदगी अनहाइजीनिक टॉयलेट गर्मी में बेहाल और सर्दी में ठिठुरते थे मरीज।

लेकिन न्यूरोलॉजी विभाग ने ऐसी मिसाल दी है कि मरीज और डॉक्टर को इलाज के लिए आरामदायक जगह प्रदान हो।

एसएमएस अस्पताल की न्यूरोलॉजी विभाग की अध्यक्ष समेत 7 डॉक्टरों ने 7 लाख रुपए खर्च करके वार्ड में भर्ती होने वाले मरीजों के लिए 45 बैड के वार्ड का कायाकल्प कर दिया। डॉ. भावना शर्मा, डॉ.टी.सी. श्रीवास्तव, डॉ. दिनेश खंडेलवाल, डॉ. शैलेष दीक्षित, डॉ. राकेश अग्रवाल, डॉ. किशोर कुमार, डॉ. दीपक जैन और डॉ. राहुल गुप्ता ने न्यूरोलॉजी वार्ड के रिनोवेशनक रवाया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related Articles

Back to top button